आप सब प्रियजनों के लिए नव वर्ष की हार्दिक मंगल और शुभकामनाओं सहित
नव वर्ष है आया,
यह संदेशा लाया,
कभी न छोड़ो मन की आस,
घृणा द्वेष न फटके पास,
जीवन पथ पर बढ़ो सतत,
प्रेम हृदय में रहे बसत!
मानस पटल हो प्रकाशमान,
विवेक बुद्धि रहे सदा विद्यमान,
हर बाधा को पार करो,
न मन पे किसी के वार करो,
मज़बूत इरादे, नीयत नेक,
अनेक हो कर भी सब हों एक,
उत्थान प्रगति के रहे सदा संग,
अति सुंदर हों जीवन के रंग,
सब हों मानवता से ओतप्रोत,
आनंद बने जीवन चिर स्त्रोत,
ईश्वर तत्व का करो आह्वान,
नव वर्ष में गाओ मंगल गान,
नफ़रत की ज्वाला न दहके,
जीवन बगिया सबकी महके,
आनंदित हों सब इस में रह के!
सप्रेम
अरुण भगत
#arunbhagatwrites #poetry #poeticoutpourings #outpouringsofmyheart #writer #indianwriter #englishpoetry #poetryofthesoul