यह बताएगा तुम्हें मौन

मैं हूँ कौन?

यह बताएगा तुम्हें मौन,

मौन में है ईश्वर बिराजे,

मौन में ही है सच साजे,

मौन से उपजी यह सृष्टि,

मौन में व्याप्त दिव्य-दृष्टि,

मौन में है जीवन का सार,

मौन लगाए बेड़ा पार,

मन के शोर का हल एक मौन,

मौन के आगे सब भ्रम गौण,

मौन ही करे असत्य का खंडन,

मौन ही करे सत्य का मंडन,

मौन की महिमा मौनी ही जाने

क्योंकि मौन को वह सब कुछ माने!

अरुण भगत

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Published by Arun Bhagat

I love to talk through my writings.@

4 thoughts on “यह बताएगा तुम्हें मौन

    1. धन्यवाद, मीनाक्षी मैडम! एक जागृत जीवन जीने के लिए मौन की महता समझना नितांत आवश्यक है!

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